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सरकारी योजनाएँ

हरियाणा BOCW पेंशन 2026: श्रमिक ₹3,250, विधवा ₹3,000 महीना

📌 ज़रूरी जानकारी

  • खबर: हरियाणा BOCW पेंशन 2026: श्रमिक ₹3,250, विधवा ₹3,000 महीना
  • तारीख़: 6 नवम्बर 2026, 3:39 अपराह्न
  • लेखक: Harish
  • श्रेणी: सरकारी योजनाएँ
  • स्रोत: विस्तृत जानकारी के लिए आधिकारिक पोर्टल देखें — लिंक खबर के अंदर दिया गया है।

यह गाइड किस बारे में है?

हरियाणा सरकार के श्रम विभाग के अंतर्गत हरियाणा भवन एवं अन्य निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड (HBOCWWB) पंजीकृत निर्माण श्रमिकों और उनके परिवारों को बुढ़ापे, मृत्यु और दिव्यांगता की स्थिति में नियमित मासिक सहारा देता है। इस गाइड में बोर्ड की पाँच पेंशन/मासिक सहायता योजनाएँ एक साथ समझाई गई हैं — कामगार पेंशन (₹3,250 प्रति माह), पारिवारिक पेंशन (पेंशन की आधी राशि), विधवा पेंशन (₹3,000 प्रति माह), विकलांगता सहायता (₹3,000 प्रति माह पेंशन + ₹1.5–₹3 लाख अनुग्रह राशि) और अक्षम बच्चों को वित्तीय सहायता (₹2,000 प्रति माह)।

एक बात शुरुआत में ही साफ कर दें — ये पाँचों सहायता अलग-अलग योजनाएँ हैं। हर योजना के लिए अलग आवेदन करना होता है, हर योजना की पात्रता और दस्तावेज़ अलग हैं। यह गाइड सामाजिक न्याय विभाग की आम वृद्धावस्था/विधवा/दिव्यांग पेंशन योजनाओं के बारे में नहीं है — यह सिर्फ श्रम विभाग के BOCW बोर्ड की पेंशन योजनाओं के बारे में है। अगर आप BOCW बोर्ड में पंजीकृत नहीं हैं, तो पहले हमारी यह गाइड पढ़ें: हरियाणा लेबर कार्ड BOCW पंजीकरण — पूरी जानकारी।

पाँचों पेंशन एक नज़र में

योजना मासिक राशि किसके लिए मुख्य शर्त
कामगार पेंशन ₹3,250 प्रति माह 60 वर्ष पूरे कर चुके पंजीकृत श्रमिक 60 वर्ष से पहले कम से कम 3 वर्ष की नियमित सदस्यता
पारिवारिक पेंशन पेंशन की आधी राशि पेंशनर श्रमिक की मृत्यु के बाद उसकी विधवा/विधुर जीवनसाथी मृतक श्रमिक पेंशन पा रहा हो
विधवा पेंशन (श्रमिक विधवा) ₹3,000 प्रति माह पंजीकृत श्रमिक की विधवा (जिसने पुनर्विवाह न किया हो) श्रमिक की कम से कम 3 वर्ष की नियमित सदस्यता
विकलांगता सहायता ₹3,000 प्रति माह + अनुग्रह राशि ₹1.5–₹3 लाख स्थायी रूप से दिव्यांग हुआ पंजीकृत श्रमिक दिव्यांगता का चिकित्सीय प्रमाण
अक्षम बच्चे सहायता ₹2,000 प्रति माह पंजीकृत श्रमिक के 50%+ दिव्यांग बच्चे चिकित्सा प्राधिकारी का प्रमाण-पत्र

पहली योजना: कामगार पेंशन — 60 वर्ष के बाद ₹3,250 प्रति माह

यह योजना क्या है?

बोर्ड की पेंशन योजना के तहत वह पंजीकृत निर्माण श्रमिक, जिसने 60 वर्ष की आयु पूरी कर ली हो, ₹3,250 प्रति माह की पेंशन का हकदार होता है। पेंशन उस महीने के अगले महीने की पहली तारीख से देय होती है, जिस महीने में श्रमिक 60 वर्ष पूरे करता है। यह पेंशन श्रमिक के जीवनभर मिलती है।

एक ज़रूरी स्पष्टीकरण: कुछ पुरानी वेबसाइटों में इस पेंशन की राशि ₹2,750 या ₹1,000 लिखी मिलती है — वे पुराने आँकड़े हैं। पेंशन पहले ₹1,000 थी, फिर ₹2,500 और फिर ₹2,750 की गई थी। वर्तमान में बोर्ड की योजना विवरणों के अनुसार राशि ₹3,250 प्रति माह है। आवेदन से पहले सरल पोर्टल पर दिख रही राशि ही अंतिम मानें।

कामगार पेंशन के लिए पात्रता

  • आवेदक हरियाणा भवन एवं अन्य निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड में पंजीकृत निर्माण श्रमिक हो।
  • श्रमिक ने 60 वर्ष की आयु पूरी कर ली हो।
  • श्रमिक की बोर्ड में 60 वर्ष की आयु पूरी होने से पहले कम से कम 3 वर्ष की नियमित सदस्यता होनी चाहिए।
  • श्रमिक हरियाणा सरकार के किसी अन्य विभाग/बोर्ड/निगम से पेंशन का लाभ नहीं ले रहा हो।
  • श्रमिक हरियाणा का निवासी हो।

कामगार पेंशन के लिए ज़रूरी दस्तावेज़

  • श्रमिक का BOCW पंजीकरण कार्ड/प्रमाण (लेबर कॉपी)
  • आयु प्रमाण-पत्र (आधार कार्ड, जन्म प्रमाण-पत्र, स्कूल प्रमाण-पत्र या वोटर कार्ड)
  • हरियाणा निवास प्रमाण
  • परिवार पहचान पत्र (PPP फैमिली आईडी)
  • बैंक खाते की जानकारी (पासबुक की प्रति) — पेंशन सीधे खाते में आती है
  • पासपोर्ट साइज़ फोटो, मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी
  • स्व-घोषणा — कि आवेदक किसी अन्य सरकारी विभाग/बोर्ड/निगम से पेंशन नहीं ले रहा है

कामगार पेंशन के लिए ऑनलाइन आवेदन

आवेदन हरियाणा श्रम विभाग की वेबसाइट hrylabour.gov.in और अंत्योदय सरल पोर्टल (saralharyana.gov.in) के माध्यम से ऑनलाइन किया जाता है:

चरण 1: सरल पोर्टल saralharyana.gov.in पर जाएँ। नए उपयोगकर्ता “Register” पर क्लिक करके खाता बनाएँ।

चरण 2: अपनी यूज़र आईडी और पासवर्ड से पोर्टल पर लॉगिन करें।

चरण 3: “Apply for Services” पर क्लिक करें और “View all available services” में जाकर योजना खोजें — “Pension Scheme” / “पेंशन योजना”।

चरण 4: फॉर्म में श्रमिक की सभी जानकारी सही-सही भरें — बोर्ड पंजीकरण संख्या, जन्म तिथि, सदस्यता अवधि आदि।

चरण 5: माँगे गए सभी दस्तावेज़ अपलोड करें। दस्तावेज़ साफ और पढ़ने योग्य होने चाहिए।

चरण 6: फॉर्म जमा (Submit) करें। जमा करने के बाद आपको एक Application Reference ID मिलेगी — इसे संभालकर रखें। आवेदन के हर चरण पर आपके मोबाइल पर SMS और ईमेल से सूचना भेजी जाती है।

चरण 7: संबंधित अधिकारी आपके आवेदन और दस्तावेज़ों की जाँच करेंगे। स्वीकृति मिलने पर पेंशन हर महीने लाभार्थी के बैंक खाते में भेजी जाएगी।

जीवन प्रमाण-पत्र — हर साल नवंबर में ज़रूरी

पेंशन जारी रखने के लिए हर साल नवंबर के महीने में जीवन प्रमाण-पत्र (Life Certificate) जमा करना अनिवार्य है। अगर जीवन प्रमाण-पत्र समय पर जमा नहीं किया गया, तो बोर्ड पेंशन देना बंद कर सकता है। इसलिए हर साल नवंबर में जीवन प्रमाण-पत्र ज़रूर जमा करें — यह काम सरल केंद्र या CSC केंद्र से भी कराया जा सकता है।

दूसरी योजना: पारिवारिक पेंशन — पेंशनर की मृत्यु के बाद जीवनसाथी को आधी पेंशन

यह योजना क्या है?

पारिवारिक पेंशन योजना के तहत, अगर कोई पेंशन पा रहा श्रमिक (पेंशनर) मर जाता है, तो उसकी जीवनसाथी (विधवा या विधुर) को श्रमिक की पेंशन की आधी राशि हर महीने मिलती रहती है। यह सहायता जीवनसाथी के जीवित रहने तक जारी रहती है। इसका मकसद है कि पेंशनर की मृत्यु के बाद उसका परिवार बिना सहारे के न रह जाए।

पारिवारिक पेंशन के लिए पात्रता

  • आवेदक मृतक पेंशनर श्रमिक का जीवनसाथी (पति या पत्नी) हो।
  • मृतक श्रमिक HBOCWWB में पंजीकृत निर्माण श्रमिक रहा हो।
  • मृतक श्रमिक अपनी मृत्यु के समय बोर्ड से पेंशन पा रहा हो।
  • आवेदक हरियाणा का निवासी हो।

पारिवारिक पेंशन के लिए ज़रूरी दस्तावेज़

  • मृतक श्रमिक का BOCW पंजीकरण कार्ड/प्रमाण
  • मृतक श्रमिक का मृत्यु प्रमाण-पत्र
  • आवेदक (जीवनसाथी) का आधार कार्ड और हरियाणा निवास प्रमाण
  • विवाह का प्रमाण (विवाह प्रमाण-पत्र या परिवार पहचान पत्र में दर्ज संबंध)
  • परिवार पहचान पत्र (PPP फैमिली आईडी)
  • बैंक खाते की जानकारी (पासबुक की प्रति)
  • पासपोर्ट साइज़ फोटो, मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी

पारिवारिक पेंशन के लिए ऑनलाइन आवेदन

आवेदन अंत्योदय सरल पोर्टल (saralharyana.gov.in) पर “Family Pension” सेवा के तहत किया जाता है। फॉर्म में मृतक पेंशनर की पेंशन संख्या, मृत्यु की तारीख और आवेदक का विवरण भरना होता है। मृत्यु प्रमाण-पत्र और संबंध का प्रमाण अपलोड करना अनिवार्य है। स्वीकृति के बाद आधी पेंशन हर महीने आवेदक के बैंक खाते में भेजी जाती है।

तीसरी योजना: विधवा पेंशन (श्रमिक विधवा) — ₹3,000 प्रति माह

यह योजना क्या है?

बोर्ड की विधवा पेंशन योजना के तहत पंजीकृत निर्माण श्रमिक की विधवा को ₹3,000 प्रति माह की पेंशन दी जाती है, ताकि पति की मृत्यु के बाद वह सम्मान से जीवन जी सके। यह योजना सामाजिक न्याय विभाग की आम विधवा पेंशन से अलग है — यह सिर्फ BOCW बोर्ड में पंजीकृत श्रमिकों की विधवाओं के लिए है।

विधवा पेंशन के लिए पात्रता

  • आवेदक पंजीकृत निर्माण श्रमिक की विधवा हो।
  • मृतक श्रमिक की बोर्ड में कम से कम 3 वर्ष की नियमित सदस्यता रही हो।
  • विधवा ने पुनर्विवाह नहीं किया हो।
  • विधवा हरियाणा सरकार, किसी बोर्ड, निगम या सार्वजनिक उपक्रम (PSU) में नौकरी नहीं कर रही हो।
  • आवेदक हरियाणा की निवासी हो।

विधवा पेंशन के लिए ज़रूरी दस्तावेज़

  • मृतक श्रमिक का BOCW पंजीकरण कार्ड/प्रमाण
  • पति का मृत्यु प्रमाण-पत्र
  • विधवा का आधार कार्ड और हरियाणा निवास प्रमाण
  • परिवार पहचान पत्र (PPP फैमिली आईडी)
  • बैंक खाते की जानकारी (पासबुक की प्रति)
  • स्व-घोषणा — कि आवेदक ने पुनर्विवाह नहीं किया है और सरकारी नौकरी में नहीं है
  • पासपोर्ट साइज़ फोटो, मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी

विधवा पेंशन के लिए ऑनलाइन आवेदन

आवेदन हरियाणा श्रम विभाग की वेबसाइट hrylabour.gov.in और अंत्योदय सरल पोर्टल (saralharyana.gov.in) पर “Vidhwa Pension” / “Widow Pension Scheme” सेवा के तहत किया जाता है। फॉर्म में मृतक श्रमिक की पंजीकरण संख्या, मृत्यु की तारीख और आवेदक का विवरण भरना होता है। स्वीकृति के बाद ₹3,000 प्रति माह की पेंशन विधवा के बैंक खाते में भेजी जाती है।

ध्यान दें: पारिवारिक पेंशन और विधवा पेंशन दो अलग योजनाएँ हैं — पारिवारिक पेंशन पेंशनर श्रमिक की मृत्यु के बाद उसकी जीवनसाथी को मिलती है, जबकि विधवा पेंशन किसी भी पंजीकृत श्रमिक (चाहे वह पेंशनर रहा हो या नहीं) की विधवा को मिलती है, बशर्ते श्रमिक की 3 वर्ष की सदस्यता रही हो। दोनों के लिए एक साथ आवेदन न करें — अपनी स्थिति के हिसाब से सही योजना चुनें; संदेह हो तो ज़िला श्रम कार्यालय से पूछ लें।

चौथी योजना: विकलांगता सहायता — ₹3,000 प्रति माह पेंशन + ₹1.5–₹3 लाख अनुग्रह राशि

यह योजना क्या है?

अगर कोई पंजीकृत निर्माण श्रमिक लकवा (पक्षाघात), कुष्ठ रोग, कैंसर, टीबी (क्षय रोग) या किसी दुर्घटना के कारण स्थायी रूप से दिव्यांग हो जाता है, तो बोर्ड उसे ₹3,000 प्रति माह की विकलांगता पेंशन देता है। इसके अलावा, दिव्यांगता के प्रतिशत के हिसाब से एकमुश्त अनुग्रह राशि (ex-gratia) भी दी जाती है।

अनुग्रह राशि — दिव्यांगता के प्रतिशत के हिसाब से

दिव्यांगता का प्रतिशत एकमुश्त अनुग्रह राशि
50% तक ₹1,50,000
51% से 75% तक ₹2,00,000
76% या उससे अधिक ₹3,00,000

विकलांगता सहायता के लिए पात्रता

  • आवेदक HBOCWWB में पंजीकृत निर्माण श्रमिक हो।
  • श्रमिक लकवा, कुष्ठ रोग, कैंसर, टीबी या दुर्घटना के कारण स्थायी रूप से दिव्यांग हुआ हो।
  • दिव्यांगता का प्रमाण सक्षम चिकित्सा प्राधिकारी (सिविल सर्जन/चिकित्सा बोर्ड) द्वारा जारी प्रमाण-पत्र से हो।
  • श्रमिक की बोर्ड में नियमित सदस्यता हो — सटीक सदस्यता अवधि के लिए सरल पोर्टल का लाइव फॉर्म देखें।

विकलांगता सहायता के लिए ज़रूरी दस्तावेज़

  • श्रमिक का BOCW पंजीकरण कार्ड/प्रमाण
  • दिव्यांगता प्रमाण-पत्र (सिविल सर्जन या चिकित्सा बोर्ड द्वारा जारी, दिव्यांगता का प्रतिशत दर्ज हो)
  • आधार कार्ड और हरियाणा निवास प्रमाण
  • परिवार पहचान पत्र (PPP फैमिली आईडी)
  • दुर्घटना/बीमारी से जुड़े अस्पताल के कागज़ात (डिस्चार्ज सारांश, इलाज के बिल)
  • बैंक खाते की जानकारी (पासबुक की प्रति)
  • पासपोर्ट साइज़ फोटो, मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी

विकलांगता सहायता के लिए ऑनलाइन आवेदन

आवेदन अंत्योदय सरल पोर्टल (saralharyana.gov.in) पर “Disability Pension” / “विकलांगता पेंशन” सेवा के तहत किया जाता है। दिव्यांगता प्रमाण-पत्र अपलोड करना अनिवार्य है — प्रमाण-पत्र में दिव्यांगता का प्रतिशत साफ दर्ज होना चाहिए, क्योंकि अनुग्रह राशि उसी के हिसाब से तय होती है। स्वीकृति के बाद ₹3,000 प्रति माह की पेंशन और अनुग्रह राशि लाभार्थी के बैंक खाते में भेजी जाती है।

पाँचवीं योजना: अक्षम बच्चों को वित्तीय सहायता — ₹2,000 प्रति माह

यह योजना क्या है?

बोर्ड पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के उन बच्चों को ₹2,000 प्रति माह की वित्तीय सहायता देता है, जो शारीरिक या मानसिक रूप से दिव्यांग हैं। इस योजना का मकसद है कि दिव्यांग बच्चे के परिवार पर उसकी देखभाल का खर्च बोझ न बने और बच्चा सम्मान से जीवन जी सके।

अक्षम बच्चे सहायता के लिए पात्रता

  • बच्चे के माता या पिता HBOCWWB में पंजीकृत निर्माण श्रमिक हों।
  • बच्चा चिकित्सा प्राधिकारी द्वारा 50% या उससे अधिक शारीरिक/मानसिक दिव्यांगता वाला घोषित किया गया हो।
  • बच्चा हरियाणा का निवासी हो।
  • श्रमिक की बोर्ड में नियमित सदस्यता हो।

राशि को लेकर एक स्पष्टीकरण: कुछ पुरानी खबरों (मई 2023) में श्रमिकों के दिव्यांग बच्चों की सहायता ₹2,500 से बढ़ाकर ₹3,000 प्रति माह करने का उल्लेख मिलता है, जबकि सरल पोर्टल पर दर्ज वर्तमान सेवा विवरण में राशि ₹2,000 प्रति माह लिखी है। दोनों आँकड़ों में अंतर है, इसलिए आवेदन से पहले सरल पोर्टल पर दिख रही ताज़ा राशि ही अंतिम मानें — इस गाइड में पोर्टल पर दर्ज ₹2,000 की राशि दी गई है।

अक्षम बच्चे सहायता के लिए ज़रूरी दस्तावेज़

  • श्रमिक का BOCW पंजीकरण कार्ड/प्रमाण
  • बच्चे का दिव्यांगता प्रमाण-पत्र (चिकित्सा प्राधिकारी द्वारा जारी, 50% या अधिक दिव्यांगता दर्ज हो)
  • बच्चे का आधार कार्ड और हरियाणा निवास प्रमाण
  • परिवार पहचान पत्र (PPP फैमिली आईडी)
  • बैंक खाते की जानकारी (पासबुक की प्रति)
  • पासपोर्ट साइज़ फोटो, मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी

अक्षम बच्चे सहायता के लिए ऑनलाइन आवेदन

आवेदन अंत्योदय सरल पोर्टल (saralharyana.gov.in) पर “Financial Assistance for Disabled Children of Labourers” / “अक्षम बच्चों को वित्तीय सहायता” सेवा के तहत किया जाता है। दिव्यांगता प्रमाण-पत्र अपलोड करना अनिवार्य है। स्वीकृति के बाद ₹2,000 प्रति माह की सहायता लाभार्थी के बैंक खाते में भेजी जाती है।

ऑफलाइन आवेदन का विकल्प

ये पाँचों योजनाएँ मुख्य रूप से ऑनलाइन हैं, लेकिन अगर आपको ऑनलाइन फॉर्म भरने में दिक्कत आती है, तो आप अपने नज़दीकी अंत्योदय सरल केंद्र (SARAL Kendra) या CSC केंद्र पर जाकर मदद ले सकते हैं — सरल पोर्टल पर साफ लिखा है कि सभी सेवाएँ जिला, तहसील और उप-मंडल स्तर पर सरल केंद्रों और CSC केंद्रों पर भी उपलब्ध हैं। वहाँ ऑपरेटर आपकी ओर से फॉर्म भरने और दस्तावेज़ अपलोड करने में मदद कर सकता है। इसके अलावा, ज़िले के श्रम विभाग कार्यालय या बोर्ड के हेल्पडेस्क से भी मार्गदर्शन लिया जा सकता है।

आवेदन शुल्क और समय-सीमा

शुल्क: इन योजनाओं के लिए आधिकारिक योजना पृष्ठों पर कोई आवेदन शुल्क दर्ज नहीं है। फिर भी, फॉर्म जमा करते समय पोर्टल पर अगर कोई शुल्क दिखे, तो वही अंतिम माना जाए। किसी भी दलाल या एजेंट को पैसे न दें — आवेदन पूरी तरह ऑनलाइन और सीधा है।

समय-सीमा: इन योजनाओं के लिए कोई अंतिम तिथि घोषित नहीं है — आवेदन साल भर खुले रहते हैं। बोर्ड की सेवाएँ सेवा का अधिकार अधिनियम (RTS) के तहत 90 दिन की समय-सीमा में दी जाती हैं।

आवेदन की स्थिति (Status) कैसे चेक करें?

  • सरल पोर्टल saralharyana.gov.in पर जाकर “Track Application / View Status of Application” विकल्प से अपनी Application Reference ID डालकर स्थिति देखी जा सकती है। पोर्टल पर “Citizen Dashboard” से भी आवेदन ट्रैक किया जा सकता है।
  • आवेदन के हर चरण पर रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर SMS भेजा जाता है।
  • स्थिति न बदले या आवेदन अटक जाए, तो ज़िले के श्रम विभाग कार्यालय या बोर्ड के हेल्पडेस्क से संपर्क करें।

पैसे कैसे मिलेंगे?

स्वीकृति के बाद पेंशन या मासिक सहायता सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में (DBT) हर महीने भेजी जाती है — इसलिए बैंक खाता आधार से जुड़ा और सक्रिय होना चाहिए। विकलांगता सहायता की अनुग्रह राशि भी बैंक खाते में ही भेजी जाती है। कामगार पेंशन के लिए हर साल नवंबर में जीवन प्रमाण-पत्र जमा करना न भूलें, वरना पेंशन रुक सकती है।

आवेदन से पहले ध्यान देने योग्य बातें

  • सदस्यता की शर्त सबसे अहम: कामगार पेंशन और विधवा पेंशन के लिए 60 वर्ष/मृत्यु से पहले कम से कम 3 वर्ष की नियमित सदस्यता ज़रूरी है। सदस्यता टूटी हुई हो या 3 वर्ष से कम हो, तो आवेदन अस्वीकार हो सकता है।
  • दूसरी पेंशन नहीं: कामगार पेंशन उसी श्रमिक को मिलती है जो हरियाणा सरकार के किसी अन्य विभाग/बोर्ड/निगम से पेंशन नहीं ले रहा हो।
  • विधवा पेंशन बनाम पारिवारिक पेंशन: दोनों अलग योजनाएँ हैं — अपनी स्थिति के हिसाब से सही योजना चुनें। गलत योजना में आवेदन करने से समय बर्बाद होगा।
  • दिव्यांगता प्रमाण-पत्र में प्रतिशत ज़रूर हो: विकलांगता सहायता की अनुग्रह राशि दिव्यांगता के प्रतिशत पर निर्भर करती है — प्रमाण-पत्र में प्रतिशत साफ दर्ज होना चाहिए।
  • जीवन प्रमाण-पत्र न भूलें: कामगार पेंशन पाने वालों को हर साल नवंबर में जीवन प्रमाण-पत्र जमा करना अनिवार्य है।
  • फर्ज़ी वेबसाइटों से सावधान: आवेदन केवल saralharyana.gov.in और hrylabour.gov.in से ही करें। कोई भी व्यक्ति अगर पैसे लेकर फॉर्म भरने का दावा करे, तो सरल हेल्पलाइन पर शिकायत करें।

श्रमिक परिवार के लिए अन्य योजनाएँ

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

1. हरियाणा BOCW कामगार पेंशन में कितनी राशि मिलती है?

60 वर्ष पूरे कर चुके पंजीकृत निर्माण श्रमिक को ₹3,250 प्रति माह की पेंशन मिलती है। इसके लिए 60 वर्ष से पहले कम से कम 3 वर्ष की नियमित सदस्यता ज़रूरी है।

2. पेंशनर श्रमिक की मृत्यु के बाद उसकी पत्नी को क्या मिलेगा?

पेंशनर की मृत्यु के बाद उसकी जीवनसाथी को पारिवारिक पेंशन के रूप में श्रमिक की पेंशन की आधी राशि हर महीने मिलती रहती है, जब तक वह जीवित रहती है।

3. श्रमिक की विधवा को कितनी पेंशन मिलती है?

पंजीकृत श्रमिक की विधवा को ₹3,000 प्रति माह की विधवा पेंशन मिलती है। शर्त है कि श्रमिक की कम से कम 3 वर्ष की नियमित सदस्यता रही हो, विधवा ने पुनर्विवाह न किया हो और वह सरकारी नौकरी में न हो।

4. दिव्यांग श्रमिक को कितनी सहायता मिलती है?

स्थायी रूप से दिव्यांग श्रमिक को ₹3,000 प्रति माह की विकलांगता पेंशन मिलती है। इसके अलावा दिव्यांगता के प्रतिशत के हिसाब से ₹1,50,000 से ₹3,00,000 तक की एकमुश्त अनुग्रह राशि भी दी जाती है।

5. श्रमिक के दिव्यांग बच्चे को कितनी सहायता मिलती है?

50% या उससे अधिक शारीरिक/मानसिक दिव्यांगता वाले बच्चे को ₹2,000 प्रति माह की सहायता मिलती है। राशि को लेकर पुरानी खबरों में ₹3,000 का भी उल्लेख है — आवेदन से पहले सरल पोर्टल पर ताज़ा राशि देख लें।

6. कामगार पेंशन के लिए जीवन प्रमाण-पत्र कब जमा करना होता है?

पेंशन जारी रखने के लिए हर साल नवंबर के महीने में जीवन प्रमाण-पत्र जमा करना अनिवार्य है। समय पर जमा न करने पर पेंशन रुक सकती है।

7. क्या एक ही परिवार पारिवारिक पेंशन और विधवा पेंशन दोनों ले सकता है?

नहीं — ये दो अलग योजनाएँ हैं और एक ही मृत्यु के लिए दोनों का लाभ नहीं लिया जा सकता। अपनी स्थिति के हिसाब से सही योजना चुनें; संदेह हो तो ज़िला श्रम कार्यालय से पूछ लें।

8. आवेदन की अंतिम तिथि क्या है?

इन योजनाओं के लिए कोई अंतिम तिथि घोषित नहीं है — आवेदन साल भर खुले रहते हैं। RTS के तहत 90 दिन की समय-सीमा तय है।

आधिकारिक स्रोत और महत्वपूर्ण लिंक

  • हरियाणा श्रम विभाग (Labour Department, Haryana): hrylabour.gov.in
  • अंत्योदय सरल पोर्टल (ऑनलाइन आवेदन): saralharyana.gov.in
  • सरल हेल्पलाइन: 0172-3968400 (सुबह 7 बजे – रात 8 बजे, सोमवार–शनिवार, सरकारी छुट्टियों को छोड़कर); ईमेल: [email protected]
  • हरियाणा भवन एवं अन्य निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड टोल फ्री नंबर: 1800-180-2129; श्रम विभाग हेल्पलाइन: 0172-2701373

अस्वीकरण: इस गाइड की जानकारी हरियाणा श्रम विभाग की वेबसाइट, अंत्योदय सरल पोर्टल, योजना की आधिकारिक शर्तों और श्रम मंत्री के सार्वजनिक बयानों के आधार पर तैयार की गई है। आवेदन करने से पहले सरल पोर्टल पर योजना का लाइव फॉर्म और ताज़ा निर्देश ज़रूर देख लें — पोर्टल का लाइव फॉर्म ही अंतिम माना जाएगा।

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