Viksit Haryana

हरियाणा की ताज़ा खबरें, सरकारी योजनाएँ और विकास की हर अपडेट

सरकारी योजनाएँ

दिल्ली फ्री सोलर पैनल योजना: 19 दिन में 77,614 आवेदन, अगले साल मार्च तक 2.30 लाख का लक्ष्य

Spread the love

दिल्ली सरकार की नई सौर ऊर्जा नीति को लेकर राजधानी के लोगों में जबरदस्त उत्साह दिख रहा है। 21 सितंबर से 9 अक्टूबर के बीच महज 19 दिनों में 77,614 से अधिक परिवारों ने घरों की छत पर सोलर पैनल लगवाने के लिए पंजीकरण कराया है। यह हर दिन औसतन 4,300 से ज्यादा आवेदन का आंकड़ा है, जो नीति में हालिया बदलाव के बाद आया है।

सरकार ने पिछले महीने नीति में बड़ा बदलाव करते हुए घोषणा की थी कि 3 किलोवाट तक के सोलर सिस्टम का पूरा खर्च सरकार वहन करेगी। इसके बाद ग्रामीण इलाकों और अनधिकृत कॉलोनियों से भी बड़ी संख्या में आवेदन आए हैं। पूर्वी और मध्य दिल्ली इस मामले में सबसे आगे रहे — यहां से 27,197 आवेदन मिले। उत्तरी और उत्तर-पश्चिमी दिल्ली से 26,788 और दक्षिणी-पश्चिमी दिल्ली से 23,925 परिवारों ने पंजीकरण कराया।

यह योजना पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना की तर्ज पर 2025 में लागू की गई थी। पहले व्यवस्था यह थी कि 3 किलोवाट तक के सिस्टम पर केंद्र सरकार 78 हजार रुपये की सब्सिडी देती और दिल्ली सरकार इसमें 30 हजार रुपये की अतिरिक्त सब्सिडी जोड़ती थी। इस व्यवस्था के एक साल में करीब 17 हजार नए सोलर पैनल लगे। अब पूरा खर्च सरकार के उठाने की घोषणा के बाद आवेदन की रफ्तार कई गुना बढ़ गई है।

तुलना से यह बदलाव और साफ होता है। 2016 में तत्कालीन सरकार ने सौर ऊर्जा नीति घोषित की थी, लेकिन उसके बाद के 10 वर्षों में दिल्ली में महज 13 हजार सोलर पैनल ही लगाए जा सके। वहीं मौजूदा भाजपा सरकार ने अगले साल मार्च तक 2.30 लाख सोलर सिस्टम स्थापित करने का लक्ष्य रखा है।

ऊर्जा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि इस योजना का मकसद पारंपरिक बिजली पर निर्भरता घटाना और लोगों के मासिक बिजली बिल में कटौती करना है। उन्होंने ग्रामीण इलाकों और अनधिकृत कॉलोनियों से मिल रही प्रतिक्रिया को उत्साहजनक बताया। आवेदन में मदद और योजना की जानकारी के लिए तीनों बिजली वितरण कंपनियां शिविर भी लगा रही हैं।

कुल मिलाकर, दिल्ली में रूफटॉप सोलर को लेकर जो गति 10 साल में नहीं आई, वह अब 19 दिनों के आवेदनों में साफ दिख रही है।


Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *